Tuesday, July 7, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Contact Us
Jagat Anandeshwar Times
Advertisement
  • होम
  • इंडिया
  • विश्व
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • दिल्ली NCR
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • झारखंड
    • गुजरात
    • छतीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • जम्मू & कश्मीर
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • लाइफस्टाइल
    • धर्म
    • हेल्थ
    • फूड
    • फैशन
    • पर्यटन
  • मनोरंजन
  • खेल
  • टेक
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा
  • ऑटो
  • अन्य
No Result
View All Result
  • होम
  • इंडिया
  • विश्व
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • दिल्ली NCR
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • झारखंड
    • गुजरात
    • छतीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • जम्मू & कश्मीर
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • लाइफस्टाइल
    • धर्म
    • हेल्थ
    • फूड
    • फैशन
    • पर्यटन
  • मनोरंजन
  • खेल
  • टेक
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा
  • ऑटो
  • अन्य
No Result
View All Result
Jagat Anandeshwar Times
No Result
View All Result
Home इंडिया

माननीय उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने पांच राष्ट्रीय पहलों का शुभारंभ किया, द आर्ट ऑफ लिविंग के 45 वर्ष पूरे होने पर स्मारक डाक टिकट का अनावरण किया

News Desk by News Desk
May 29, 2026
in इंडिया
0
माननीय उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने पांच राष्ट्रीय पहलों का शुभारंभ किया, द आर्ट ऑफ लिविंग के 45 वर्ष पूरे होने पर स्मारक डाक टिकट का अनावरण किया
0
SHARES
0
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter

माननीय उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने पांच राष्ट्रीय पहलों का शुभारंभ किया, द आर्ट ऑफ लिविंग के 45 वर्ष पूरे होने पर स्मारक डाक टिकट का अनावरण किया

बेंगलुरु
भारत के माननीय उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने आज द आर्ट ऑफ लिविंग इंटरनेशनल सेंटर में युवा विकास, उद्यमिता, स्थिरता, चेतना अध्ययन और शिक्षा से जुड़ी पांच प्रमुख राष्ट्रीय पहलों का शुभारंभ किया। यह आयोजन ऐसे समय में हुआ है जब इस संस्था ने मानवीय सेवा के 45 वर्ष में प्रवेश किया हैं और इसी माह 70 वर्ष के हुए गुरुदेव रवि शंकर के शांति, कल्याण एवं मानवीय मूल्यों के प्रति उनके जीवनपर्यंत योगदान को रेखांकित किया गया है।

माननीय उपराष्ट्रपति ने अन्य गणमान्य अतिथियों के साथ एक स्मारक डाक टिकट का भी अनावरण किया, जो व्यक्तिगत कल्याण, सामाजिक परिवर्तन और वैश्विक शांति में द आर्ट ऑफ लिविंग के 45 वर्षों के योगदान का प्रतीक है।शुरू की गई पहलों में युवा करियर उत्कृष्टता कार्यक्रम (यूथ करियर एक्सीलेंस प्रोग्राम), पूर्वी ज्ञान प्रणाली संकाय (फैकल्टी ऑफ ईस्टर्न नॉलेज सिस्टम्स), नवाचार एवं उद्यमिता (आर्ट ऑफ लिविंग इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप इंक्यूबेशन), चेतना अध्ययन और मानव क्षमता उत्कृष्टता केंद्र (सेंटर ऑफ एक्सीलेंस ऑन कॉन्शियसनेस स्टडी एंड ह्यूमन पोटेंशियल), तथा इको शांति सम्मिलित हैं। ये पहलें शिक्षा, नवाचार, पर्यावरणीय स्थिरता और मानव विकास पर संगठन के बढ़ते ध्यान को प्रतिबिंबित करती हैं।

यह शुभारंभ समारोह द आर्ट ऑफ लिविंग इंटरनेशनल सेंटर में महीने भर चले उत्सव का चरमोत्कर्ष था, जिसमें भारत और विश्व भर के 678 प्रतिष्ठित अतिथियों ने भाग लिया। इनमें विभिन्न राजनीतिक विचारधाराओं के राष्ट्रीय नेता, व्यापारिक दिग्गज, खिलाड़ी, उद्यमी, शिक्षाविद, आध्यात्मिक गुरु, राजनयिक, कलाकार और सामाजिक परिवर्तनकर्ता सम्मिलित थे।सभा को संबोधित करते हुए माननीय उपराष्ट्रपति ने गुरुदेव रवि शंकर द्वारा स्थापित इस आंदोलन की असाधारण वैश्विक पहुंच पर विचार व्यक्त किए।
उन्होंने कहा, आज उस महान दूरदर्शिता का उत्सव है जिसने विभिन्न महाद्वीपों में करोड़ों जीवनों को स्पर्श किया है। मैं यह जानकर विस्मित रह गया कि द आर्ट ऑफ लिविंग 182 देशों में विद्यमान है। मानव जाति की लगभग संपूर्ण सभ्यता इस आंदोलन के माध्यम से परस्पर जुड़ रही है।

संगठन की यात्रा का वर्णन करते हुए उन्होंने आगे कहा, पैंतालीस वर्ष पूर्व, एक सरल किंतु गहन विचार के साथ एक आंदोलन का सूत्रपात हुआ था कि आंतरिक शांति ही बाह्य सामंजस्य की आधारशिला है। संघर्ष और अनिश्चितता से घिरे इस संसार में, गुरुदेव रवि शंकर विवेक, जागरूकता, शांति और सद्भाव के मूल्यों से मानवता को निरंतर अनुप्राणित कर रहे हैं।गुरुदेव की सरलता और उनके प्रभाव की प्रशंसा करते हुए राधाकृष्णन ने टिप्पणी की, उनकी मुस्कान, उनकी विनम्रता और उनका स्नेह प्रत्येक व्यक्ति के हृदय को छू लेता है। जो बात उनके योगदान को असाधारण बनाती है, वह उनके भीतर समाहित विनम्रता और मानवता है।

माननीय उपराष्ट्रपति का स्वागत करते हुए गुरुदेव रवि शंकर ने समकालीन चुनौतियों के समाधान में आंतरिक विकास की शाश्वत प्रासंगिकता पर बल दिया।

गुरुदेव ने कहा, आज विश्व ने स्वीकार कर लिया है कि ध्यान अब कोई विलासिता नहीं है। विश्व ध्यान दिवस घोषित करने के लिए 192 देशों के एक साथ आने से यह समझ सुदृढ़ हुई है कि एक स्वस्थ, सुखी और तनावमुक्त जीवन के लिए ध्यान एक मूलभूत आवश्यकता है।
मानव विकास के प्रति एक समग्र दृष्टिकोण का आह्वान करते हुए उन्होंने आगे कहा, जीवन भर तीन चीजें सदैव हमारे साथ होनी चाहिए: ज्ञान, ध्यान और संगीत।वैश्विक सद्भाव के संदेश के साथ अपनी बात समाप्त करते हुए गुरुदेव ने कहा, आइए हम एक ऐसे वसुधैव कुटुम्बकम् का स्वप्न देखें, जो भय, तनाव और घृणा से मुक्त एक वैश्विक परिवार हो। एक शांत और सौहार्दपूर्ण विश्व का प्रारंभ शांत और सौहार्दपूर्ण व्यक्तियों से ही होता है।

कर्नाटक के माननीय राज्यपाल थावरचंद गहलोत ने भी सभा को संबोधित किया और संगठन के उद्गम के साथ कर्नाटक के गहन संबंध को रेखांकित किया।उन्होंने कहा, यह कर्नाटक के लिए गौरव का विषय है कि इस वैश्विक आंदोलन की जड़ें हमारी इस पवित्र भूमि से जुड़ी हुई हैं। चार दशकों से अधिक समय से, द आर्ट ऑफ लिविंग विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से व्यक्तिगत, सामुदायिक और वैश्विक स्तर पर शांति और कल्याण को बढ़ावा दे रहा है।शांति स्थापना में गुरुदेव के योगदान पर प्रकाश डालते हुए राज्यपाल ने आगे कहा, मानवीय सेवा से परे, गुरुदेव के शांति-स्थापना के प्रयासों ने दीर्घकालिक संघर्षों को सुलझाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मानवीय मूल्यों के पुनरुत्थान के माध्यम से एक हिंसा-मुक्त और तनाव-मुक्त समाज की उनकी दूरदर्शिता को संपूर्ण विश्व में सराहना और मान्यता प्राप्त हुई है।

इस आयोजन के दौरान शुरू की गई पांच पहलें शिक्षा, नवाचार, स्थिरता और मानव विकास के माध्यम से समकालीन समाज की कुछ अत्यंत तात्कालिक आवश्यकताओं को पूरा करने का प्रयास करती हैं।यूथ करियर एक्सीलेंस प्रोग्राम युवाओं को सिविल सेवा में करियर के लिए तैयार करेगा, साथ ही ग्रामीण और शहरी युवाओं में रोजगार क्षमता बढ़ाने के लिए उद्योग-उन्मुख आतिथ्य प्रशिक्षण भी प्रदान करेगा।
फैकल्टी ऑफ ईस्टर्न नॉलेज सिस्टम्स एक बहुविषयक मंच के रूप में कार्य करेगा जो पूर्वी ज्ञान परंपराओं को समकालीन शिक्षा और अनुसंधान के साथ एकीकृत करेगा, जिससे आधुनिक नैतिक, सामाजिक और पारिस्थितिक चुनौतियों का समाधान किया जा सके।
आर्ट ऑफ लिविंग इनोवेशन एंड एंटरप्रेन्योरशिप इंक्यूबेशन पहल का उद्देश्य मार्गदर्शन, प्रोटोटाइपिंग सुविधाओं और प्रारंभिक चरण के वित्तपोषण सहायता के माध्यम से नवाचार-संचालित और हार्डवेयर-केंद्रित स्टार्टअप को पोषित करना है, जिसका लक्ष्य 500 स्टार्टअप को सक्षम बनाना है।

सेंटर ऑफ एक्सीलेंस ऑन कॉन्शियसनेस स्टडीज एंड ह्यूमन पोटेंशियल चेतना, संज्ञान, मानसिक कल्याण और मानव क्षमता में अनुसंधान, शिक्षा और नवाचार के लिए एक अंतःविषय पारिस्थितिकी तंत्र का निर्माण करेगा।द आर्ट ऑफ लिविंग की एक स्थिरता पहल इको शांति का उद्देश्य संधारणीय विकल्पों के माध्यम से एकल-उपयोग वाले प्लास्टिक को समाप्त करना है, जिसका लक्ष्य 2030 तक प्लास्टिक उत्पादन और उपयोग को प्रतिवर्ष कम से कम 1,00,000 टन कम करना है।

आश्रम प्रवास के दौरान, माननीय उपराष्ट्रपति ने संगठन की विभिन्न सुविधाओं और पहलों का अवलोकन किया। उन्होंने गुरुकुलम का भ्रमण किया, छात्रों से संवाद किया, प्रताप गणपति मंदिर में प्रार्थना की, सोमनाथ ज्योतिर्लिंग के पवित्र अवशेषों के दर्शन किए और लगभग 1,600 स्वदेशी गायों के निवास स्थान गौशाला का भी भ्रमण किया।

इस यात्रा का एक विशेष आकर्षण द आर्ट ऑफ लिविंग के इंट्यूशन प्रोग्राम के अभ्यासकर्ताओं द्वारा दी गई प्रस्तुति थी, जहां बच्चों ने व्यवस्थित प्रशिक्षण और अभ्यास के माध्यम से विकसित अपनी सहज ज्ञान संबंधी क्षमताओं का प्रदर्शन किया।
सेवा, संस्कृति और मानवीय मूल्यों का महीना भर चला उत्सव लगभग एक महीने तक, द आर्ट ऑफ लिविंग इंटरनेशनल सेंटर ने जीवन के प्रत्येक क्षेत्र से आने वाले लोगों का स्वागत किया, जो वसुधैव कुटुम्बकम् यानी एक विश्व परिवार की भावना को दर्शाता है।

इस उत्सव में सम्मिलित होने वाली प्रतिष्ठित विभूतियों में माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, माननीय केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और सर्बानंद सोनोवाल, माननीय मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, एन. चंद्रबाबू नायडू और प्रमोद सावंत, राज्यपाल अजय कुमार भल्ला और लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह, महान अभिनेता रजनीकांत, अभिनेता विक्रांत मैसी, उद्योगपति मुकेश अंबानी, अनंत अंबानी और निरंजन हिरानंदानी के साथ-साथ प्रमुख आध्यात्मिक गुरु, कलाकार, राजनयिक और विद्वान उपस्थित थे।

इस पूरे महीने के दौरान नवनिर्मित ध्यान मंदिर में वैश्विक ध्यान सत्र, भारत की कलात्मक विरासत का उत्सव मनाते सांस्कृतिक कार्यक्रम, मानसिक कल्याण एवं चेतना पर परिचर्चाएं, और उन व्यक्तियों के जीवन परिवर्तन की गाथाएं प्रस्तुत की गईं, जिनके जीवन को पिछले साढ़े चार दशकों में गुरुदेव के कार्यों ने प्रभावित किया है।

मूल रूप से, यह उत्सव आंतरिक शांति, सेवा और मानवीय मूल्यों पर आधारित एक तनाव-मुक्त, हिंसा-मुक्त समाज के गुरुदेव के निरंतर चले आ रहे दृष्टिकोण को अभिव्यक्त करने का माध्यम बना।

Previous Post

नियद नेल्लानार 2.0 बस्तर के सुदूर अंचलों में 31 व्यक्तिगत और 14 सामुदायिक योजनाओं का मिलेगा सीधा लाभ, मुख्य सचिव विकासशील ने की समीक्षा….

Next Post

विनेश फोगाट की होगी मैट पर वापसी! सुप्रीम कोर्ट ने WFI को दिया बड़ा झटका

News Desk

News Desk

Next Post
विनेश फोगाट की होगी मैट पर वापसी! सुप्रीम कोर्ट ने WFI को दिया बड़ा झटका

विनेश फोगाट की होगी मैट पर वापसी! सुप्रीम कोर्ट ने WFI को दिया बड़ा झटका

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • Trending
  • Comments
  • Latest
टी-20 टीम में बड़ा बदलाव: सूर्यकुमार यादव की जगह श्रेयस अय्यर बने नए कप्तान

टी-20 टीम में बड़ा बदलाव: सूर्यकुमार यादव की जगह श्रेयस अय्यर बने नए कप्तान

June 5, 2026
यूपी चुनाव से पहले कांशीराम वाले अंदाज में लौटेंगी BSP चीफ मायावती, नोएडा से शुरू होगा चुनावी अभियान

यूपी चुनाव से पहले कांशीराम वाले अंदाज में लौटेंगी BSP चीफ मायावती, नोएडा से शुरू होगा चुनावी अभियान

November 25, 2025
मुंबई पुलिस ने नाकाम की बड़ी साजिश: मुहर्रम जुलूस में जहरीले कैप्सूल बांटता आरोपी गिरफ्तार

मुंबई पुलिस ने नाकाम की बड़ी साजिश: मुहर्रम जुलूस में जहरीले कैप्सूल बांटता आरोपी गिरफ्तार

June 28, 2026
EPFO Big News: 31 लाख PF खातों में लावारिस पड़े ₹9,000 करोड़, जानें आपका पैसा तो नहीं फंसा?

EPFO Big News: 31 लाख PF खातों में लावारिस पड़े ₹9,000 करोड़, जानें आपका पैसा तो नहीं फंसा?

July 5, 2026
राम मंदिर में ध्वजारोहण के क्षण भक्तिमय हुई अयोध्या, चारों दिशाओं में गूंजा जय श्रीराम, श्रद्धालुओं को देवलोक की अनुभूति

राम मंदिर में ध्वजारोहण के क्षण भक्तिमय हुई अयोध्या, चारों दिशाओं में गूंजा जय श्रीराम, श्रद्धालुओं को देवलोक की अनुभूति

0
यूपी चुनाव से पहले कांशीराम वाले अंदाज में लौटेंगी BSP चीफ मायावती, नोएडा से शुरू होगा चुनावी अभियान

यूपी चुनाव से पहले कांशीराम वाले अंदाज में लौटेंगी BSP चीफ मायावती, नोएडा से शुरू होगा चुनावी अभियान

0
मुझसे नहीं होगा ये काम, नोएडा में SIR की ड्यूटी से परेशान महिला टीचर ने BLO पद से दिया इस्तीफा

मुझसे नहीं होगा ये काम, नोएडा में SIR की ड्यूटी से परेशान महिला टीचर ने BLO पद से दिया इस्तीफा

0
मैं पूरे देश में बीजेपी की नींव हिला दूंगी, ममता बनर्जी की बीजेपी को बड़ी चेतावनी, SIR पर भड़कीं

मैं पूरे देश में बीजेपी की नींव हिला दूंगी, ममता बनर्जी की बीजेपी को बड़ी चेतावनी, SIR पर भड़कीं

0
उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

July 5, 2026
Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

July 5, 2026
Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

July 5, 2026
Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

July 5, 2026

Recent News

उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

July 5, 2026
Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

July 5, 2026
Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

July 5, 2026
Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

Uttarakhand News- आस्था की यात्राः पावन कैलाश मानसरोवर यात्रा के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर CM धामी ने किया रवाना, बोले- यह केवल धार्मिक नहीं, आध्यात्मिक चेतना, सांस्कृतिक एकता और राष्ट्रीय समरसता का प्रतीक….

July 5, 2026

जगत आनंदेश्वर टाइम्स एक प्रतिष्ठित हिंदी समाचार पत्र है, जो निष्पक्ष, निर्भीक और जनहितकारी पत्रकारिता के लिए समर्पित है। यह समाचार पत्र भारत सरकार के आरएनआई (RNI) एवं डीएवीपी (DAVP) से पंजीकृत है, जो इसकी विश्वसनीयता और प्रमाणिकता को दर्शाता है।

Follow Us

Browse by Category

  • अन्य
  • इंडिया
  • उत्तर प्रदेश
  • खेल
  • दिल्ली NCR
  • बिजनेस
  • बिहार
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • राज्य
  • लाइफस्टाइल
  • विश्व
  • शिक्षा

Recent News

उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

उत्तराखंड के CM Dhami की धमक, ‘धामी के पांच साल’ बना देश का टॉप पॉलिटिकल ट्रेंड

July 5, 2026
Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

Kailash Mansarovar Yatra: मानसरोवर यात्रा शुरू, सीएम ने यात्रियों के पहले दल को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

July 5, 2026
  • About Us
  • Privacy Policy
  • Contact Us

© 2026 Jagat Anandeshwar Times - All Rights Reserved.

No Result
View All Result
  • होम
  • इंडिया
  • विश्व
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • दिल्ली NCR
    • महाराष्ट्र
    • राजस्थान
    • मध्य प्रदेश
    • हरियाणा
    • पंजाब
    • झारखंड
    • गुजरात
    • छतीसगढ़
    • हिमाचल प्रदेश
    • जम्मू & कश्मीर
  • राजनीति
  • बिजनेस
  • लाइफस्टाइल
    • धर्म
    • हेल्थ
    • फूड
    • फैशन
    • पर्यटन
  • मनोरंजन
  • खेल
  • टेक
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा
  • ऑटो
  • अन्य

© 2026 Jagat Anandeshwar Times - All Rights Reserved.